वैशाली जिले में जारी भीषण शीतलहर और कड़ाके की ठंड के बीच जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। आमजन, विशेषकर गरीब, असहाय और बेघर लोगों को ठंड से बचाने के लिए प्रशासन ने व्यापक और प्रभावी इंतजाम किए हैं। जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला आपदा प्रबंधन शाखा द्वारा लगातार निगरानी और राहत कार्य संचालित किए जा रहे हैं।
अलाव और रैन बसेरों से राहत
ठंड से जूझ रहे लोगों को राहत देने के लिए जिले के सभी 16 अंचलों और 7 नगर निकायों में कुल 222 प्रमुख स्थानों पर अलाव की व्यवस्था की गई है। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, प्रमुख चौक-चौराहे, अस्पताल परिसर सहित भीड़भाड़ वाले इलाकों को प्राथमिकता दी गई है। अंचलाधिकारियों को प्रतिदिन भौतिक निरीक्षण कर यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है कि किसी भी स्थान पर लापरवाही न हो।
कंबल वितरण अभियान
प्रशासन द्वारा अत्यंत गरीब और जरूरतमंद लोगों के बीच अब तक 5,305 कंबलों का वितरण किया जा चुका है। यह अभियान सामाजिक सुरक्षा कोषांग एवं स्थानीय प्रशासन के सहयोग से युद्ध स्तर पर चलाया जा रहा है, ताकि राहत अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
शीतलहर से बचाव की एडवाइजरी जारी
जिला प्रशासन ने नागरिकों के लिए Do’s & Don’ts जारी करते हुए सतर्क रहने की अपील की है—
परतदार कपड़े पहनें : सिर, कान और पैरों को ढकना अनिवार्य।
ऊर्जा बनाए रखें : खाली पेट बाहर न निकलें, गर्म और पौष्टिक भोजन लें।
बंद कमरे में अंगीठी से बचें : कोयला/अंगीठी या हीटर का उपयोग करते समय उचित वेंटिलेशन जरूरी, अन्यथा जान का खतरा हो सकता है।
आपात स्थिति में संपर्क करें
यदि कहीं अलाव की कमी हो या किसी को तत्काल सहायता की आवश्यकता हो, तो जिला आपातकालीन संचालन केंद्र से संपर्क किया जा सकता है—
📞 हेल्पलाइन नंबर : 9470082146
> अपील : जिला प्रशासन ने नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है— “आपदा बड़ी नहीं होती, यदि तैयारी पूरी हो।”
सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और जरूरतमंदों की मदद करें।
