समस्तीपुर | सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए अक्सर प्रशासन सख्त रुख अपनाता है, भारी जुर्माना लगाता है और वाहन जब्त करता है। लेकिन बिहार के समस्तीपुर में परिवहन विभाग ने एक ऐसा रास्ता चुना जिसने न केवल राहगीरों का दिल जीत लिया, बल्कि उन्हें अपनी गलती पर सोचने पर मजबूर कर दिया।
दंड नहीं, दिया गया सम्मान का संदेश
शहर के प्रमुख चौराहों पर जब परिवहन विभाग की टीम उतरी, तो बिना हेलमेट और बिना सीट बेल्ट वाले वाहन चालकों में हड़कंप मच गया। लोग चालान कटने के डर से इधर-उधर भागने लगे, लेकिन दृश्य तब बदल गया जब अधिकारियों ने हाथ में रसीद बुक की जगह लाल गुलाब थाम लिए।
नियम तोड़ने वालों को रोककर डांटने के बजाय अधिकारियों ने उन्हें गुलाब का फूल भेंट किया और बड़े ही सौम्य तरीके से कहा— "यह फूल आपकी सुरक्षा और लंबी उम्र की कामना के लिए है। कृपया हेलमेट पहनें ताकि आपके परिवार को आपका इंतज़ार न करना पड़े।"
अभियान के मुख्य बिंदु
* व्यवहार परिवर्तन पर जोर : विभाग का मानना है कि जुर्माने के डर से लोग नियम केवल पुलिस को देखकर मानते हैं, लेकिन समझदारी से वे इसे अपनी आदत बना लेंगे।
* युवाओं को सीख : इस अभियान का विशेष केंद्र युवा पीढ़ी रही, जो अक्सर स्टाइल के चक्कर में हेलमेट से परहेज करती है।
* ऑन-द-स्पॉट काउंसलिंग : फूल देने के साथ-साथ अधिकारियों ने सड़क दुर्घटनाओं के आंकड़े साझा किए और बताया कि कैसे एक छोटी सी सावधानी जान बचा सकती है।
जनता की प्रतिक्रिया
प्रशासन के इस 'सॉफ्ट अप्रोच' का जनता पर गहरा असर दिखा। गुलाब का फूल पाने वाले कई वाहन चालकों ने मौके पर ही शर्मिंदा होकर यह शपथ ली कि वे भविष्य में बिना सुरक्षा उपकरणों के सड़क पर नहीं उतरेंगे। स्थानीय नागरिकों ने भी परिवहन विभाग की इस पहल की सराहना की और इसे "सकारात्मक पुलिसिंग" का नाम दिया।
नियम आपकी सुरक्षा के लिए हैं
समस्तीपुर परिवहन विभाग का यह अभियान यह संदेश देता है कि कानून का पालन केवल दंड के डर से नहीं, बल्कि जीवन की कीमत समझते हुए किया जाना चाहिए। गुलाब की खुशबू शायद उन कड़े कानूनों से ज्यादा असरदार साबित हो, जो अब तक लोगों को जागरूक करने में कमतर रहे थे।
> याद रखें : आपकी सुरक्षा, आपके परिवार की मुस्कान है।
